: पाटन। भारतीय सेना के बेंगाल इंजीनियरिंग ग्रुप रुड़की उत्तराखंड रेजिमेंट के वीर सपूत और धुमा पाटन निवासी, रैंक हवलदार/नायब सूबेदार अजय कुमार वर्मा 24वर्षों की गौरवमयी सेवा के बाद आज सकुशल अपने पैतृक निवास स्थान पर लौटे। सरहद पर देश की रक्षा में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले जवान के आगमन पर ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों ने अभूतपूर्व स्वागत किया।
अजय कुमार वर्मा ने अपनी सेवा के दौरान झांसी पटियाला पालमपुर लेह लद्दाख रांची जैसे चुनौतीपूर्ण इलाकों में तैनात रहकर मातृभूमि की सेवा की। उनके घर वापसी पर,गाड़ाडीह मर्रा और धुमा मे परिवार जनों, मित्रों ने फूल मालाओं, देशभक्ति के गीतों और भारत माता की जयघोष के साथ उनका भव्य अभिनंदन किया।
इस अवसर पर आयोजित स्वागत समारोह में मनवा कुर्मी समाज पाटन राज प्रधान युगल आडिल और ग्रामवासियों ने कहा कि अजय कुमार वर्मा की नि:स्वार्थ सेवा, अनुशासन और वीरता हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनकी घर वापसी पर पूरा अंचल गौरवान्वित है।अजय कुमार ने कहा की आज मेरे जीवन का सबसे यादगार दिन है। वर्दी उतारकर जब मैं अपने घर की माटी पर वापस आया हूँ, तो आप सभी का यह प्यार और सम्मान देखकर मेरी आंखों में आंसू हैं। यह आंसू मेरी मेहनत का फल हैं, मेरा सबसे बड़ा मेडल हैं।
24 वर्षों तक सरहद पर, उन दुर्गम पहाड़ियों और तपते रेगिस्तानों में, जहाँ हम अपनी जान हथेली पर रखकर पहरा देते हैं, वहां सिर्फ एक ही चीज हमें जीवित रखती है- आप सभी का विश्वास और देश के लिए प्यार।
जब मैं यहाँ से गया था, तो मैंने सिर्फ अपना घर नहीं छोड़ा था, बल्कि अपनी युवावस्था, अपने परिवार के सुख-दुःख और अपने बच्चों का बचपन भी छोड़ दिया था। लेकिन आज जब मैं वापस आया हूँ, तो मुझे गर्व है कि मैंने अपना काम पूरी ईमानदारी और निष्ठा से पूरा किया।
मैं अपने पिताजी गोविंद वर्मा माताजी श्रीमति जयश्री वर्मा पत्नी प्रवीणा वर्मा भाई विजय वर्मा और बच्चों का विशेष आभार व्यक्त करता हूँ, जिन्होंने मेरे पीछे से न केवल घर संभाला, बल्कि मेरी चिंताओं को कभी मुझ पर हावी नहीं होने दिया। उनके त्याग के बिना, मैं एक अच्छा सैनिक नहीं बन सकता था।
यह वर्दी भले ही अब बक्से में रखी जाएगी, लेकिन देश के प्रति मेरा प्यार और अनुशासन कभी रिटायर नहीं होगा। मैं हमेशा अपनी माटी और देश के लिए खड़ा रहूँगा।
समाजिक पदाधिकारीगण गाड़ाडीह मर्रा के साथीगण और गांव वालों ने जो मेरा फूल-मालाओं से स्वागत किया है, ढोल-नगाड़े बजाए हैं, उसने मेरी सारी थकान मिटा दी है स्वागत समारोह मे राज प्रधान युगल आडिल युवाध्यछ राकेश आडिल टोपेन्द्र वर्मा पालेश्वर ठाकुर संतोष वर्मा छेत्र प्रधान कृपा वर्मा जितेंद्र वर्मा लाला राम वर्मा मुकेश वर्मा रुपनारायण वर्मा तरुण साहू कृष्णा साहू सुमेस्वर साहू राजेश साहू सरद ठाकुर देवधर साहू के अलावा ग्रामीणजन उपस्थित थे







