पाटन। खारुन नदी के पावन तट पर विराजमान पुरातात्विक सिद्धिदात्री मां वृंदा देवी डिंडा कपाट धाम, आगेसरा में शारदीय नवरात्रि महापर्व श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। नवरात्रि के पावन अवसर पर मंदिर में मनोकामना ज्योति कलश प्रज्वलित किए गए हैं, जिनमें श्रद्धालुओं की गहरी आस्था देखने को मिल रही है।

मंदिर में इस वर्ष 155 तेल ज्योति एवं 30 घृत (घी) ज्योति सहित कुल 185 मनोकामना ज्योतियां प्रज्वलित हो रही हैं। श्रद्धालुओं द्वारा माता के प्रति अपनी अटूट आस्था एवं मनोकामनाओं के साथ ज्योति कलश प्रज्वलित कराए गए हैं। पूरे नवरात्रि पर्व के दौरान धाम में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है।
19 अक्टूबर को होगा महाअष्टमी एवं हवन-पूजन
मां वृंदा देवी डिंडा कपाट धाम में सोमवार, दिनांक 19 अक्टूबर 2026 को सुबह 11 बजे महाअष्टमी एवं हवन-पूजन कार्यक्रम प्रारंभ होगा। इस धार्मिक अनुष्ठान में मनोकामना ज्योतियों के माध्यम से माता की आराधना की जाएगी तथा विधि-विधान के साथ हवन-पूजन संपन्न होगा।
महाअष्टमी नवरात्रि का विशेष महत्व रखने वाला दिन है। इस अवसर पर श्रद्धालु माता की पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं क्षेत्र की उन्नति की कामना करेंगे।
प्राचीन एवं पुरातात्विक धाम में श्रद्धालुओं की अटूट आस्था
खारुन नदी के तट पर स्थित मां वृंदा देवी डिंडा कपाट धाम क्षेत्र की धार्मिक आस्था एवं सांस्कृतिक परंपरा का महत्वपूर्ण केंद्र है। इस प्राचीन धाम में शारदीय नवरात्रि के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन एवं पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं।
मां वृंदा देवी प्रचार समिति एवं ग्राम पंचायत आगेसरा की ओर से समस्त श्रद्धालुओं को महाअष्टमी एवं हवन-पूजन कार्यक्रम में सपरिवार शामिल होने के लिए सादर आमंत्रित किया गया है।
समस्त श्रद्धालुओं से अपील है कि सोमवार, 19 अक्टूबर 2026 को सुबह 11 बजे मां वृंदा देवी डिंडा कपाट धाम पहुंचकर महाअष्टमी हवन-पूजन में सहभागी बनें तथा माता का आशीर्वाद प्राप्त करें।






