पाटन। छत्तीसगढ़ ड्राइवर महासंगठन जिला दुर्ग के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने मंगलवार को अपनी विभिन्न मांगों और समस्याओं को लेकर कलेक्टर दुर्ग को ज्ञापन सौंपा। संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने ड्राइवर वर्ग से जुड़े मुद्दों पर प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए शीघ्र कार्रवाई की मांग की।

ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने ताम्रध्वज साहू के परिवार को राज्य सरकार द्वारा उचित मुआवजा राशि प्रदान करने तथा घटना में शामिल सभी आरोपियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। संगठन ने दोषियों को अजीवन कारावास अथवा फांसी की सजा दिए जाने की मांग भी उठाई।
ड्राइवर महासंगठन ने हेवी वाहन चालकों के लाइसेंस को श्रम विभाग से जोड़ने, वाहन मालिकों से नियुक्ति प्रमाण पत्र जारी कराने, वेतन एवं भत्ते सुनिश्चित करने तथा वाहन संचालन के लिए निर्धारित समय-सारणी लागू करने की मांग रखी। इसके अलावा दुर्घटना में चालक की अपंगता या मृत्यु होने की स्थिति में वाहन मालिक एवं राज्य सरकार द्वारा मुआवजा दिए जाने की व्यवस्था करने की मांग भी की गई।
संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि ड्राइवर वर्ग लंबे समय से विभिन्न समस्याओं का सामना कर रहा है, जिनके समाधान के लिए सरकार को ठोस कदम उठाने चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि आगामी चार माह के भीतर ड्राइवर वेलफेयर बोर्ड का गठन नहीं किया गया तो 25 अक्टूबर को हुए आंदोलन की तर्ज पर पूरे प्रदेश में पुनः “स्टेयरिंग छोड़ो आंदोलन” चलाया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।
कलेक्टर ने संगठन का ज्ञापन प्राप्त कर संबंधित मांगों पर नियमानुसार विचार करने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर दुर्ग संभाग प्रभारी नागराज साहू, जिला अध्यक्ष भारत यादव, जिला महासचिव चितरंजन साहू, जिला संरक्षण प्रभारी रहीपाल साहू, जिला संचालक महेश नेताम सहित जिला कमेटी के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में संगठन के सदस्य उपस्थित रहे।






