पाटन। खारून नदी में आई बाढ़ के चलते घरों में पानी घुसने से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए बाढ़ पीड़ित अब पानी कम होने के बाद अपने-अपने घरों में सुरक्षित लौट गए हैं। बाढ़ के दौरान प्रशासन द्वारा प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर उनके रहने और भोजन की व्यवस्था की गई थी।

अमलेश्वर नगरपालिका क्षेत्र के अमलेश्वर, भौथली, केसरा सहित अन्य बाढ़ प्रभावित स्थानों पर प्रशासन द्वारा आश्रय स्थल बनाए गए थे। यहां बाढ़ पीड़ित परिवारों के लिए आवश्यक सुविधाओं के साथ भोजन एवं रहने की व्यवस्था की गई। प्रशासन और स्थानीय अमले ने बाढ़ के दौरान राहत एवं बचाव कार्य में सक्रिय भूमिका निभाई।

अब बाढ़ का पानी कम होने के बाद सभी प्रभावित परिवार सुरक्षित अपने घरों में वापस पहुंच गए हैं। हालांकि, कई परिवारों के मकानों और घरेलू सामान को बाढ़ से नुकसान पहुंचा है।

इधर, प्रशासन द्वारा बाढ़ से हुए नुकसान का आंकलन करने के लिए सर्वे कराया जा रहा है। अब तक 150 से अधिक मकानों के आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त होने के प्रकरण बनाए जा चुके हैं। प्रभावित क्षेत्रों में सर्वे का कार्य अभी जारी है। सर्वे पूरा होने के बाद बाढ़ से हुए नुकसान की वास्तविक स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।






