पाटन। पाटन ब्लॉक के ग्राम छाटा में मनरेगा कार्यस्थल पर उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब मजदूरों के खातों में मजदूरी राशि जमा होने के बाद भुगतान में कथित गड़बड़ी सामने आई। मजदूरों का आरोप है कि चार दिन की मजदूरी का भुगतान खाते में आने के बाद कई श्रमिकों के खाते में मात्र 10 रुपये एक दिन की मजदूरी के रूप में डाले गए, जिससे आक्रोश फैल गया।

मामले से नाराज सैकड़ों की संख्या में मजदूरों ने कार्य स्थल पर चल रहे काम का बहिष्कार कर दिया और वहीं धरने पर बैठ गए। मजदूरों का कहना है कि उन्होंने नियमित रूप से कार्य किया है, इसके बावजूद उन्हें निर्धारित मजदूरी नहीं मिली।
मजदूरों ने मेट पर कम मजदूरी दर्ज कराने और भुगतान में गड़बड़ी करने का आरोप लगाया है। सूचना मिलते ही ग्राम पंचायत के सरपंच भी मौके पर पहुंच गए और मजदूरों से चर्चा कर मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
धरने पर बैठे मजदूरों ने भुगतान की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई तथा बकाया मजदूरी का तत्काल भुगतान करने की मांग की है। बताया जा रहा है कि मजदूरों का एक प्रतिनिधिमंडल आज जनपद पंचायत पाटन पहुंचकर मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) से मुलाकात कर शिकायत दर्ज करा सकता है।
गांव में इस मामले को लेकर काफी नाराजगी है और मजदूरों का कहना है कि जब तक उन्हें उचित मजदूरी नहीं मिलेगी, तब तक वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे। अब सभी की नजर प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हुई है।






