रायपुर।भारी बारिश का सबसे बुरा असर राजधानी रायपुर में देखने को मिला। स्थानीय निवासियों के अनुसार, रातभर हुई बारिश के कारण शहर के कई इलाके तालाब में तब्दील हो गए हैं। कई मोहल्लों में घुटनों से लेकर कमर तक पानी भर गया है और सड़कों के साथ-साथ घरों में दो से तीन फीट तक पानी जमा हो गया है।

छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में पिछले 24 घंटों से जारी मूसलाधार बारिश के कारण अचानक आई बाढ़ में फंसे 14 मजदूरों को एक संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। वहीं दूसरी ओर, राजधानी रायपुर में रातभर हुई भारी बारिश के बाद कई इलाकों में कमर तक पानी भर गया है, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
नदी का जलस्तर बढ़ने से पुल के नीचे फंसे मजदूर
गरियाबंद के डीएसपी नितेश सिंह ने बताया कि यह घटना गरियाबंद और महासमुंद जिलों की सीमा पर स्थित बीजापाल गांव में हुई, जो छुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है।यहां बगनई नदी पर पुल निर्माण का काम चल रहा था और सभी 14 मजदूर पुल के नीचे बने एक अस्थायी शेड (मेकशिफ्ट शेड) में रह रहे थे। पिछले 24 घंटों से हो रही लगातार बारिश के कारण बगनई नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया, जिससे सभी मजदूर वहीं फंस गए।
मजदूरों के फंसे होने की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन हरकत में आया। गरियाबंद पुलिस टीम और महासमुंद होमगार्ड टीम ने एक संयुक्त बचाव अभियान चलाकर सभी 14 मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाला। डीएसपी ने कहा कि यदि समय रहते उन्हें नहीं निकाला जाता, तो उनकी जान को गंभीर खतरा हो सकता था।
रायपुर में घरों में घुसा नाले का गंदा पानी, रातभर जागे लोग
भारी बारिश का सबसे बुरा असर राजधानी रायपुर में देखने को मिला। स्थानीय निवासियों के अनुसार, रातभर हुई बारिश के कारण शहर के कई इलाके तालाब में तब्दील हो गए हैं। कई मोहल्लों में घुटनों से लेकर कमर तक पानी भर गया है और सड़कों के साथ-साथ घरों में दो से तीन फीट तक पानी जमा हो गया है।
शनिवार रात करीब 2 बजे से ही लोग घरों से पानी बाहर निकालते और अपने सामान को सुरक्षित करते नजर आए। नाले का गंदा पानी घरों में घुसने से सामान को काफी नुकसान पहुंचा है। बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा के लिए कई परिवार रातभर सो नहीं सके। जलभराव के कारण कई इलाकों में लोग खाना नहीं बना पाए और पीने के साफ पानी के लिए भी उन्हें कड़ा संघर्ष करना पड़ा।
क्षेत्र में लगातार हो रही खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह हाई अलर्ट पर है। गरियाबंद जिला जंगलों, छोटे नालों, नदियों और पहाड़ियों से घिरा हुआ है, जिसके कारण बारिश का पानी तेजी से बढ़ रहा है। पुलिस की टीमें लगातार संवेदनशील इलाकों की निगरानी कर रही हैं।






