
बलराम यादव

पाटन। अमलेश्वर भले ही ग्राम पंचायत से नगर पंचायत और नगर पंचायत से नगर पालिका परिषद बन रहा हो लेकिन वहां अभी भी मूलभूत सुविधाओं का आभाव है। आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 2 में अभी जब बारिश नही हो रही है तब भी आंगनबाड़ी जाने के रास्ते पर काफी पानी भरा हुआ है। इसी पानी को पार कर बच्चे अपने जान को जोखिम में डालकर आगनबाड़ी में पहुंचते है। चारो तरफ से गंदगी व घास व कीचड़ से घिरा हुआ इस आगनबाड़ी में जब बारिश होती है तो अंदर पानी भर जाता हैं। वही अभी सबसे ज्यादा सांप बिच्छू व जहरीले कीड़े मकोड़े का खतरा है।
नगर पंचायत अमलेश्वर के आगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 2 में इन दोनों काफी अव्यवस्था का आलम है। अभी बारिश नही हो रही है इसके बाद भी बच्चो को पानी को पार कर केंद्र तक जाना पड़ रहा है। अब इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि जब बारिश होती होगी तब क्या माजरा रहता होगा। बताते है कि बारिश के दिनों में घुटने तक पानी आगनबाड़ी भवन में भर जाता है।


बच्चों को तकलीफ न हों इस कारण जब तक पानी भवन से नही खाली होता छुट्टी देनी पड़ती है । आगनबाड़ी में रखा सामान के खाद्य सामग्री भी खराब हो जाता है।

सांप के डर से अंदर ही फंसे थे बच्चे , कार्यकर्ता व सहायिका
जानकारी के मुताबिक एक सप्ताह पहले शनिवार को बारिश हुआ था। बारिश का पानी आगनबाड़ी भवन के चारो तरफ भर गया था। पानी मे 12 अधिक जहरीला सांप इधर उधर घूम रहे थे। बच्चे व आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका अंदर ही थे। केंद्र का दरवाजा बंद कर दिया था। सब खिड़की से सांप के अपने आसपास तैरते हुवे देख रहे थे। बच्चे डरे सहमे थे। छुट्टी का समय हो जाने के बाद भी कोई आगनबाड़ी से बाहर निकलने का नाम नही ले रहा था। आगनबाड़ी कार्यकर्ता संतोषी वर्मा ने पास में ही रहने वाले कुछ लोगो के बुलाकर बच्चों को एक एक करके बाहर निकाला गया। जब दूसरे दिन सोमवार को आगनबाड़ी को खोला गया तो एक सांप आँगनबाड़ी भवन अंदर थे। सफाई करते समय सहायिका को यह सांप दिखा। जिसके बाद उसे भगाया गया। जब से बच्चो ने सांप देखा है तब से लगातार बच्चो की उपस्थिति आगनबाड़ी में कम होती जा रही है। यहाँ पर 50 बच्चो की दर्ज संख्या है लेकिन अब 4 बच्चे ही आ रहे है। कई परिवार तो अब इस आगनबाड़ी में अपने बच्चों को भेजना ही नही चाहते।

जिम्मेदारों को दी है जानकारी, पर नही सुधरी व्यवस्था
आगनबाड़ी के कार्यकर्ता संतोषी वर्मा ने आगनबाड़ी के चारी तरफ पानी जमा होने, सांप आने सहित बारिश के दिनों में होने वाली समस्याओं से अधिकारियो को अवगत कराया है। उन्होंने बताया कि नगर पंचायत के सीएमओ, महिला बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक सहित जनप्रतिनिधियों को भी अवगत करा चुके है। लेकिन अभी हालात जस की तस है।






