सीआरपीएफ जवान ने अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मारकर कर ली आत्महत्या, सुकमा जिले के मिनपा कैंप में था पदस्त



सुकमा :सीआरपीएफ जवान ने अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली है.जिसके बाद उसकी मौके पर ही मौत हो गई । ये दर्दनाक खबर सुकमा जिले के मिनपा कैंप की है ।जहां सीआरपीएफ 2वीं बटालियन के जवान ने शनिवार सुबह आत्मघाती कदम उठाया ।बताया जा रहा है कि जिस वक्त जवान ने खुद को गोली मारी वो ड्यूटी पर था ।

कौन था मृतक जवान ?:मृतक जवान की पहचान शशि भूषण कुमार के रूप में हुई है ।सूत्रों के मुताबिक जवान हाल ही में छुट्टी काटकर अपने घर से लौटा था ।इसके बाद उसने अपनी ड्यूटी ज्वाइन की थी।जैसे ही जवान ने फायर किया वैसे ही कैंप में अफरा तफरी मच गई. साथी जवानों ने इसकी सूचना तुरंत अपने सीनियर अफसरों को दी ।

एसपी ने की घटना की पुष्टि :घटना की पुष्टि सुकमा एसपी किरण चव्हाण ने भी की है. फिलहाल ये स्पष्ट नहीं हो सका है कि जवान ने ऐसा कदम क्यों उठाया. पुलिस और सीआरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारी मामले की जांच में जुटे हैं । जवान के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं.

नक्सल क्षेत्रों में जवान उठा रहे आत्मघाती कदम :आपको बता दें कि नक्सल प्रभावित इलाकों में तैनात जवान अक्सर तनावपूर्ण माहौल में अपनी ड्यूटी निभाते हैं. इस बीच लगातार होने वाली आत्महत्या की घटनाएं सुरक्षा बलों की मानसिक स्थिति और चुनौतियों पर सवाल खड़े कर रही है ।गौरतलब है कि मिनपा कैंप उन इलाकों में से है जहां अक्सर नक्सली गतिविधियां देखने को मिलती हैं. ऐसे संवेदनशील क्षेत्र में तैनात जवानों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर अब फिर से बहस तेज हो सकती है.

बीजापुर में भी हुई थी घटना : 30 जुलाई 2025 कोकेंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवान ने नक्सलगढ़ में जान दे दी. मृतक जवान का नाम पप्पू यादव था. जवान पप्पू यादव बिहार के भोजपुर जिले का रहने वाला था. जवान ने अपनी इंसास सर्विस रायफल से खुद को गोली मार ली. जवान ने जान क्यों दी इसका अभी पता नहीं चल पाया है. मौके से किसी तरह का कोई नोट भी नहीं मिला है. मृतक जवान पप्पू यादव की पोस्टिंग सीआरपीएफ की 22वीं में थी.

रायपुर में भी जवान ने की थी खुदकुशी : 13 जुलाई 2025 के दिन छत्तीसगढ़ के रायपुर स्थित 65वीं सीआरपीएफ बटालियन कैंप में रविवार रात करीब 10 बजे जवान ने खुदकुशी की थी. जवान का नाम मुरली था. बताया जा रहा है कि बढ़ती ज़िम्मेदारियों और भारी कर्ज के कारण मुरली तनाव में था।