पाटन। पाटन नगर में पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष भूपेंद्र कश्यप द्वारा अखरा में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन प्रसिद्ध कथावाचक युवराज पांडे ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की कथा का वर्णन किया।
श्री पांडे ने कथा के माध्यम से गजेन्द्र मोक्ष, समुद्र मंथन, वामन अवतार और श्रीराम चरित्र जैसे प्रसंगों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने जीवन में धर्म, भक्ति और सत्य के महत्व को समझाया।
श्री पांडे ने बताया कि भगवान की भक्ति ही मनुष्य को मोक्ष का मार्ग दिखाती है। उन्होंने गजेन्द्र मोक्ष प्रसंग के माध्यम से बताया कि संकट के क्षणों में ईश्वर का स्मरण करने पर भगवान स्वयं रक्षा के लिए उपस्थित होते हैं।
समुद्र मंथन की कथा में उन्होंने समझाया कि जीवन में अच्छाई और बुराई दोनों का अस्तित्व है, परंतु संयम और विवेक से ही अमृत प्राप्त किया जा सकता है। वामन अवतार के प्रसंग में भगवान विष्णु की दानशीलता और विनम्रता का वर्णन किया गया।
इसके अतिरिक्त, श्रीराम चरित्र का वर्णन करते हुए उन्होंने मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के आदर्श जीवन से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
कथा का समापन श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के वर्णन के साथ हुआ। इस दौरान पूरा पंडाल ‘नंद के आनंद भयो जय कन्हैया लाल की’ के जयकारों से गूंज उठा। कथा श्रवण के दौरान सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
कथा स्थल में सुंदर सजावट की गई थी और भजन-कीर्तन का भी आयोजन किया गया। कथा के अंत में भक्तों को प्रसाद वितरित किया गया। आयोजक भूपेंद्र कश्यप ने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा का उद्देश्य समाज में प्रेम, करुणा और भक्ति की भावना को जागृत करना है।






