भिलाई। बारिश के बावजूद भिलाई-3 में गुरुवार को श्रीमद्भागवत कथा के शुभारंभ पर श्रद्धा और उत्साह का माहौल रहा। श्री जय जगन्नाथ सेवा समिति एवं नगरवासियों के तत्वावधान में आयोजित सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के लिए नगर के विभिन्न देवालयों से मंगल आह्वान के साथ कलश यात्रा निकाली गई। नगर भ्रमण करते हुए यात्रा कथा स्थल मंगल भवन के सामने स्थित इस्पात भवन मैदान पहुंची। यहां व्यासपीठ की पूजा-अर्चना की गई। भक्ति और सेवा गीतों से वातावरण भक्तिमय हो गया।
कथावाचक पंडित युवराज पांडेय चार नवंबर तक श्रद्धालुओं को श्रीमद्भागवत के प्रसंग सुनाएंगे। कथा के पहले दिन वेदी पूजन के बाद गौकर्ण पूजन और श्रीमद्भागवत महात्म्य का वर्णन किया गया। इसे पहले शोभायात्रा का विभिन्न स्थानों पर विभिन्न समाज के लोगों ने स्वागत किया। इस दौरान आयोजन समिति के सुजीत बघेल, वरिष्ठ अधिवक्ता गणेश शुक्ला, मनीष बंछोर, एलबी वर्मा, कमलेश चंद्राकर, दुलारी वर्मा सहित विभिन्न समाज के लोग, जनप्रतिनिधि व अन्य लोग उपस्थित रहे। आयोजन स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए वाटर प्रुफ पंडाल की व्यवस्था की गई है। वहीं प्रतिदिन भंडारा भी आयोजित है।
सात दिन बहेगी भक्ति की रसधार
शुक्रवार से कथा दोपहर एक बजे से प्रारंभ होगी। 30 अक्टूबर को ध्रुव चरित्र, भरत चरित्र एवं परीक्षित जन्म की कथा सुनाई जाएगी। 31 अक्टूबर को अजामिल उपाख्यान और भक्त प्रह्लाद के अटूट विश्वास का प्रसंग होगा। एक नवंबर को समुद्र मंथन, सूर्यवंश कथा और भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का वर्णन होगा। दो नवंबर को बालकृष्ण की मनमोहक लीलाओं और दही लूट के प्रसंग श्रद्धालुओं को आनंदित करेंगे। तीन नवंबर को श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह और महारास की कथा होगी। चार नवंबर को चढ़ौत्री, तुलसी वर्षा, गीता दान और हवन-पूजन के साथ आयोजन का समापन होगा।







