पारंपरिक वेशभूषा में प्रथम एवं लोकनाटक में द्वितीय स्थान प्राप्त कर राज्य स्तरीय युवा उत्सव के लिए हुआ चयन

पंडरिया।जिला स्तरीय युवा उत्सव कार्यक्रम में ब्लाक के कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय, दुल्लापुर बाजार की प्रतिभाशाली बालिकाओं ने अपनी कला, संस्कृति एवं शानदार प्रस्तुति से विद्यालय और जिले का नाम गौरवान्वित किया है। बालिकाओं ने प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए पारंपरिक वेशभूषा में प्रथम स्थान तथा लोकनाटक प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान प्राप्त कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की।
पारंपरिक वेशभूषा प्रतियोगिता में विद्यालय की बालिकाओं ने विशेष रूप से बैगा जनजाति की पारंपरिक वेशभूषा, संस्कृति, रहन-सहन एवं सांस्कृतिक पहचान को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया। उनकी प्रस्तुति में छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय परंपरा, लोकसंस्कृति और आदिवासी जीवनशैली की सुंदर झलक देखने को मिली। बालिकाओं ने अपनी वेशभूषा एवं आत्मविश्वासपूर्ण प्रस्तुति से निर्णायकों और उपस्थित अतिथियों का ध्यान आकर्षित किया तथा प्रथम स्थान प्राप्त किया।

इसी प्रकार लोकनाटक प्रतियोगिता में भी विद्यालय की छात्राओं ने प्रभावशाली अभिनय, सामूहिक समन्वय और सशक्त संवादों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का परिचय देते हुए द्वितीय स्थान प्राप्त किया। दोनों प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर विद्यालय की बालिकाओं का चयन आगामी राज्य स्तरीय युवा उत्सव कार्यक्रम के लिए हुआ है, जो विद्यालय एवं जिले के लिए अत्यंत हर्ष और गौरव का विषय है।
कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी एवं अन्य अतिथिगणों द्वारा विजेता बालिकाओं को पुरस्कार एवं सम्मान प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। अतिथियों ने बालिकाओं की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों को अपनी कला, संस्कृति एवं परंपराओं से जोड़ने के साथ-साथ उनकी प्रतिभा को निखारने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।
अधीक्षिका कामिनी जोशी के मार्गदर्शन में मिली सफलता-
इस उपलब्धि में विद्यालय की अधीक्षिका कामिनी जोशी का विशेष मार्गदर्शन एवं प्रेरणादायी योगदान रहा। उन्होंने प्रतियोगिता की तैयारी के दौरान बालिकाओं को निरंतर प्रोत्साहित किया तथा पारंपरिक वेशभूषा में बैगा जनजाति की समृद्ध संस्कृति को जीवंत रूप में प्रस्तुत करने के लिए मार्गदर्शन दिया। उनके कुशल नेतृत्व, प्रेरणा एवं सतत सहयोग से बालिकाओं में आत्मविश्वास और अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का उत्साह बढ़ा।
अधीक्षिका कामिनी जोशी ने इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि बालिकाओं की यह उपलब्धि उनके कठिन परिश्रम, लगन, अनुशासन और सामूहिक प्रयास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि आवासीय विद्यालय की बालिकाओं में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। उन्हें उचित अवसर, मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन मिले तो वे हर क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना सकती हैं। उन्होंने सभी विजेता छात्राओं एवं तैयारी में सहयोग देने वाले शिक्षकों को बधाई देते हुए राज्य स्तरीय युवा उत्सव में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन की शुभकामनाएं दीं।
यह उपलब्धि न केवल कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय, दुल्लापुर बाजार के लिए बल्कि पूरे कबीरधाम जिले के लिए गौरव का विषय है। अब सभी की निगाहें राज्य स्तरीय युवा उत्सव पर टिकी हैं, जहां विद्यालय की बालिकाएं अपनी प्रतिभा और जनजातीय संस्कृति की अनूठी पहचान के साथ जिले का प्रतिनिधित्व करेंगी।






