विकासखंड पाटन में ‘राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी’ एवं ‘पश्चिम भारत विज्ञान मेला’ का भव्य आयोजन

​पाटन। छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिक के सहयोग से तथा राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (SCERT), रायपुर के सौजन्य से विकासखंड पाटन में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के प्रति विद्यार्थियों में रुचि बढ़ाने हेतु ‘राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी’, ‘पश्चिम भारत विज्ञान मेला’ एवं ‘विज्ञान नाटिका प्रतियोगिता’ का सफल आयोजन शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाटन में किया गया।
​इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना, नवाचार (Innovation) को बढ़ावा देना तथा समाज की व्यावहारिक समस्याओं का वैज्ञानिक समाधान खोजना है।
​कार्यक्रम की मुख्य झलकियाँ:

​राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी:
विकासखंड के विभिन्न शासकीय एवं निजी विद्यालयों के बाल वैज्ञानिकों ने पर्यावरण, स्वास्थ्य, कृषि, नवीकरणीय ऊर्जा, एआई (AI) एवं डिजिटल तकनीक जैसे समसामयिक विषयों पर आधारित आकर्षक मॉडल एवं प्रोजेक्ट्स प्रदर्शित किए। इसमे स्वदेशी कृषि पद्धति , एंटी स्कैन ए आई शिल्ड , पेट(पालतू जानवर) फीडिंग , ए आई , सोलर मॉडल ,रोड संकेतक भी बच्चों द्वारा बनाये गये थे।

​पश्चिम भारत विज्ञान मेला:
शिक्षार्थियों तथा शिक्षकों द्वारा शिक्षण-सामग्री और व्यावहारिक विज्ञान से जुड़े अनूठे विचारों का प्रदर्शन किया गया, जिससे विज्ञान को दैनिक जीवन से जोड़कर समझने का अवसर मिला।

​विज्ञान नाटिका (Science Drama) प्रतियोगिता:
विद्यार्थियों ने नाटकों के माध्यम से अंधविश्वास उन्मूलन, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता और वैज्ञानिक सोच का संदेश दिया। प्रस्तुतियों की रचनात्मकता और जीवंतता ने दर्शकों को काफी प्रभावित किया।
प्रश्न मंच
शाला से आए प्रतिभागी बच्चों ने दो-दो के ग्रुप में प्रश्न मंच में भाग लिया जिसने विज्ञान के नवाचार और विषयों पर आधारित प्रश्न पूछे गए

​समारोह एवं मार्गदर्शन
​कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथियों एवं सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री प्रदीप महिलांगे , सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्रीमती सविता देशलहरे एवं विकासखण्ड स्रोत समन्वयक श्री गुनेश्वर प्रसाद वर्मा द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।
​कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों एवं विषय विशेषज्ञों ने बाल वैज्ञानिकों के मॉडल्स का अवलोकन किया और उनके विचारों की भूरि-भूरि प्रशंसा की। वक्ताओं ने कहा कि राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (SCERT) रायपुर और छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी का यह संयुक्त प्रयास ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों के बच्चों की प्रतिभा को निखारने के लिए एक बेहतरीन मंच प्रदान करता है।
ये चयनित प्रतिभागी अब आगामी स्तर (जिला/राज्य स्तर) की प्रतियोगिताओं में पाटन विकासखंड का प्रतिनिधित्व करेंगे।
​कार्यक्रम में क्षेत्र के अनेक शिक्षक-शिक्षिकाएँ, संस्था प्रमुख, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद सेजेस कन्या शाला के व्याख्याता श्री बी.पी.वर्मा द्वारा किया गया।
​ इस आयोजन में संकुल समन्वयक राकेश सोनी , रोशन देशमुख और शिक्षक शिक्षिका में , श्रीमती अंजू दाऊ , शोभा कुमारी व्याख्याता , ललिता शिवारे, कुमुद नेताम ,कुसुम हरमुख ,सपना कुधवहा , आदि उपस्थित थे।