पंडरिया।छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत चिरायु टीम के द्वारा पूरे प्रदेश में सभी स्कूल और आंगनबाड़ी में 0 से लेकर 18 साल तक के बच्चो का स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है।इसी क्रम में बुधवार को शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला कुण्डा में बच्चो का स्वास्थ्य परीक्षण चिरायु टीम बी पंडरिया द्वारा किया गया। चिरायु टीम द्वारा सभी उपस्थित बच्चो (बालक 98 और बालिका 87) का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। सभी बालिकाओं का हिमोग्लोबिन जांच की गयी। सभी बच्चो का वजन एवं ऊंचाई नापी गयी ।

सभी बच्चे प्रायः स्वस्थ पाये गए, कुछ बच्चो को मौसमी बीमारियां जैसे विटामिन A के 05 बच्चे, घाव के 02 बच्चे, सर्दी के 04 बच्चे, खांसी के 03, बुखार वाले 01 बच्चे एवं खुजली के 03 बच्चे, कान संक्रमण के 01 बच्चे, आंख में परेशानी 07 बच्चे, पेट मे दर्द 03 बच्चे, मेन्टल डिसऑर्डर वाले 01 बच्चा, कमजोरी वाले 02 बच्चे पाए गए। जिनको दवा दिया गया तथा कुछ बच्चो को हायर सेंटर जाने की सलाह दी गई।
चिरायु टीम में डॉक्टर रोशनी पाटले, डॉक्टर नवीन पाली, लैब टेक्नीशियन शैलेन्द्र केशरवानी, फार्मासिस्ट विष्णु मसराम, एएनएम सरिता माथुर मौजूद रही, एवं प्रधान पाठक मोहन राजपूत,शिक्षक सालिक यादव, कलीराम चन्द्राकर व राजेश सोनी उपस्थित रहे।
ग्रामीण बच्चों के लिए बरदान है चिरायु टीम-चिरायु टीम ग्रामीण बच्चों के लिए बरदान साबित हो रही है।चिरायु टीम स्कूलों में जाकर बच्चों को होने वाले बिमारियों को चिन्हांकित कर उपचार कराती है,जिससे समय रहते बच्चों को कम उम्र के ही उपचार मिल जाता है। चिरायु टीम गंभीर बीमारियों का पता लगाकर उनका मुफ्त में इलाज करवाती हैं। गंभीर बीमारी जैसे दिल मे छेद होना, कटे फटे होंठ, टेढ़े मेढे पैर, बच्चो में मोतियाबिंद, हयड्रोसिफलिस, जैसे गंभीर बीमारी का इलाज करवाया जा रहा है।
चिरायु टीम में 5 सदस्य होते हैं, जिसमे एक पुरुष डॉक्टर, एक महिला डॉक्टर, एक लैब टेक्नीशियन, एक फार्मासिस्ट, और एक एएनएम होती हैं।






