नगरी/सिहावा, बेलरगांव।जनपद पंचायत नगरी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी नारद मांझी* ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बेलरगांव का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं, दवाओं की उपलब्धता और साफ-सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान आरएमए शिवेंद्र रजवाड़े ने सीईओ को केंद्र की प्रमुख समस्याओं से अवगत कराया।

आरएमए ने रखी प्रमुख मांगें
आरएमए शिवेंद्र रजवाड़े ने सीईओ मांझी के सामने क्षेत्र की स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें रखीं। उन्होंने कहा:

- सिविल अस्पताल बनाने की मांग – बेलरगांव और आसपास के 15-20 गांवों की आबादी के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर्याप्त नहीं है। यहां सिविल अस्पताल की स्वीकृति दी जाए।
- स्टाफ की कमी – महिला डॉक्टर, नर्स और डेसर की कमी के कारण मरीजों को दिक्कतें हो रही हैं। रिक्त पदों पर जल्द भर्ती की जाए।
- अन्य समस्याएं – दवाओं की नियमित सप्लाई, एंबुलेंस सेवा और लैब सुविधा को और बेहतर करने की आवश्यकता है।
सीईओ ने सभी बिंदुओं को गंभीरता से सुना और जल्द समाधान का आश्वासन दिया।
जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान ग्राम पंचायत बेलरगांव की सरपंच रीता नेताम और जनपद सदस्य नंदनी साहू भी उपस्थित रहीं। उन्होंने भी ग्रामीणों की ओर से स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाने की मांग रखी।
इस अवसर पर पंच गजेन्द्र नेताम, शिव साहू, संतोष ध्रुव,अशकरण पटेल, टीकेश्वर ध्रुव, सचिव हरिशंकर साहू, नंदलाल साहू सहित स्वास्थ्य केंद्र के कर्मचारी भी मौजूद थे।
सीईओ ने दिए निर्देश
सीईओ नारद मांझी ने अस्पताल स्टाफ को मरीजों से अच्छा व्यवहार करने और समय पर इलाज देने के निर्देश दिए। उन्होंने दवाओं का स्टॉक, टीकाकरण रजिस्टर और प्रसूति वार्ड का भी निरीक्षण किया।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना प्राथमिकता है। स्टाफ और भवन संबंधी मांगों को लेकर उच्च स्तर पर प्रस्ताव भेजा जाएगा।






