राकेश कुमार

कुम्हारी। वार्ड क्रमांक 15 हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में चल रहे नौ दिवसीय भागवत कथा के दूसरे दिन यज्ञ स्थल पर प्रातः 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक पार्थिव शिवलिंग निर्माण, रुद्राभिषेक एवं यज्ञ का आयोजन संम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का संयोजन दुर्ग सांसद विजय बघेल एवं सह संयोजन सांसद प्रतिनिधि रामाधार शर्मा द्वारा किया गया है इसमें मुख्य यजमान के रूप में राजेन्द्र तिवारी पत्नी सुनीता तिवारी, अनुराग गुप्ता, अनुज शुक्ला एवं हरिदास वैष्णव सपत्नीक विराजमान हुए। आयोजन में पंडित श्रवण शास्त्री एवं पंडित राम रूप शास्त्री के सानिध्य में पार्थिव शिवलिंग निर्माण रुद्राभिषेक एवं यज्ञ का कार्यक्रम संम्पन्न हुआ।
शाम 4 बजे से आचार्य अनिकेत कृष्ण शास्त्री महाराज के मुखारबिंद से भागवत कथा का वाचन किया गया। आज प्रह्लाद चरित्र एवं नरसिंह अवतार पर आचार्य ने कथा कही उन्होंने कथा वाचन करते हुए कहा कि- हमे यह नही भूलना चाहिए कि किसी भी सम्मानित व्यक्ति समाज मे अपमान मृत्यु के बराबर होता है। उन्होंने कहा कि इंसान अपने परेशानी का कारण स्वयं होता है। अर्थात इंसान को जब दुख आता है तो वह सदैव ईश्वर को याद करता है और अपने दुखों के लिए उनसे शिकायत करता है लेकिन सुख संम्पति आ जाने पर ईश्वर को भूल जाता है उसके अंदर यह अभिमान आ जाता है कि उसमें जो भी कमाया है वह अपनी मेहनत और काबिलियत के बल बुते पर कमाया है लेकिन दुर्भाग्य से जब वही धन दौलत और शानो शौकत चली जाती है तो वह पुनः ईश्वर की शरण मे आकर उनसे प्रार्थना करने लगता है इसी लिए तो कहा है कि जिस दिन घमंड तू अपने सर से उतार देगा, उसदिन विधाता तुझे अनमोल प्यार देगा। उससे न बढ़कर जन्मदाता और कोई वो देने पर आए तो बेशुमार देगा लेकिन उसदिन देगा जब तू घमंड सर से उतार देगा। उन्होंने कहा कि इंसान को कभी अभिमान नही करना चाहिए क्योंकि सबकुछ तो त्यागना ही है।


आचार्य अनिकेत शास्त्री महाराज ने कहा कि इंसान अपने उत्थान व पतन का कारण स्वयं होता है। शास्त्र कहते हैं कि इंसान किस बात का घमंड करता है जब सबकुछ यहीं छोड़कर जाना है ईश्वर ने मानव तन दिया है समाज और लोगों की सेवा के लिए मिट्टी का तन है मिट्टी में मिल जाना है फिर किस बात का गुमान। नौ दिवसीय इस भागवत पुराण कथा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही कुम्हारी के अलावा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी तादाद में लोग कथा सुनने पहुंच रहे हैं।






