दुर्ग। सोमनी थाना क्षेत्र स्थित मनगटा रिसोर्ट में युवती मुस्कान तिवारी की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस जांच को लेकर नए सवाल खड़े हो गए हैं। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, लेकिन घटना के दौरान मौजूद रायपुर के तीन अन्य युवकों की भूमिका की अभी तक गंभीरता से जांच नहीं की गई है।

परिजनों का कहना है कि घटना की रात रिसोर्ट में कुल आठ लोग मौजूद थे, जिनमें रायपुर के तीन युवक भी शामिल थे। ऐसे में उनकी भूमिका की भी निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जानी चाहिए। परिजनों ने यह भी सवाल उठाया है कि अन्य लोगों को पूछताछ के बाद छोड़ क्यों दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले में प्रारंभिक साक्ष्यों और गवाहों के बयान के आधार पर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है। जांच के दौरान मृतका की सहेली के बयान को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिससे घटना की परिस्थितियों को समझने में मदद मिली है।
पुलिस ने रिसोर्ट के कमरे और आसपास के क्षेत्र से महत्वपूर्ण साक्ष्य एवं नमूने एकत्र किए हैं। मृतका के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद विसरा जांच के लिए फॉरेंसिक प्रयोगशाला भेजा गया है। अधिकारियों का कहना है कि विसरा रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद मामले के कई पहलुओं पर स्थिति और स्पष्ट होगी तथा आवश्यकता पड़ने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। वहीं परिजन लगातार पूरे घटनाक्रम की गहन जांच और घटना में शामिल सभी व्यक्तियों की भूमिका सामने लाने की मांग कर रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि जांच जारी है और फॉरेंसिक रिपोर्ट सहित सभी साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी। मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है तथा लोगों की नजरें अब आगामी जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।






