करसा की गैस एजेंसी में बदइंतजामी चरम पर, उपभोक्ता परेशान, एक माह से सिलेंडर के लिए लगा रहे चक्कर, गोदाम खुलने से पहले 400 से ज्यादा उपभोक्ताओं की भीड़, तर्रा-भिलाई-3 मार्ग पर फिर जाम का खतरा, त्योहार के समय भी नहीं सुधरी व्यवस्था, देखिए यह वीडियो

वीडियो  में दिख रहा उपभोक्ताओं की कतार

पाटन।। करसा स्थित गैस एजेंसी की बदहाल व्यवस्था को लेकर उपभोक्ताओं में भारी नाराजगी है। पिछले करीब एक साल से लगातार अव्यवस्थाओं की शिकायतों के बावजूद व्यवस्था में कोई सुधार नजर नहीं आ रहा है। हालत यह है कि गैस सिलेंडर लेने के लिए उपभोक्ताओं को अपना काम-काज छोड़कर सुबह से एजेंसी के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।

शुक्रवार सुबह स्थिति उस समय और बिगड़ गई, जब गोदाम खुलने से पहले ही गैस सिलेंडर लेने के लिए 400 से अधिक उपभोक्ता पहुंच गए। बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने से तर्रा-भिलाई-3 मुख्य मार्ग पर दोबारा जाम की स्थिति बनने का खतरा पैदा हो गया। सड़क किनारे उपभोक्ताओं की भीड़ और वाहनों की कतार से यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होने लगी।

एक माह से लगा रहे चक्कर, फिर भी नहीं मिल रहा सिलेंडर

उपभोक्ताओं का कहना है कि कई लोग पिछले एक माह से गैस सिलेंडर के लिए लगातार एजेंसी के चक्कर लगा रहे हैं। जब भी उपभोक्ताओं को सिलेंडर लेने के लिए बुलाया जाता है, मौके पर पहुंचने के बाद उन्हें यह कहकर लौटा दिया जाता है कि गैस सिलेंडर उपलब्ध नहीं है।

ऐसे में सवाल उठ रहा है कि जब उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर उपलब्ध ही नहीं कराया जा सकता तो उन्हें बार-बार बुलाकर परेशान क्यों किया जा रहा है?

तीज-त्योहार के समय बढ़ी परेशानी

अभी तीज-त्योहार का समय है। घरों में गैस की जरूरत बढ़ गई है, लेकिन गैस एजेंसी की अव्यवस्था के चलते उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। महिलाओं, बुजुर्गों और दूरदराज के गांवों से आने वाले लोगों को घंटों इंतजार करने के बाद भी खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।

एक साल से व्यवस्था खराब, जिम्मेदार आखिर क्यों खामोश?

उपभोक्ताओं का आरोप है कि गैस एजेंसी की व्यवस्था पिछले करीब एक साल से लगातार बिगड़ी हुई है। इसके बावजूद शासन-प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। सवाल यह भी है कि आखिर जिम्मेदार अधिकारी इस समस्या को लेकर कब गंभीर होंगे?

क्या गैस सिलेंडर लेने के लिए उपभोक्ताओं को रोज अपनी रोजी-रोटी और जरूरी काम छोड़कर एजेंसी के चक्कर लगाना पड़ेगा?

यदि समय रहते व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो आने वाले दिनों में उपभोक्ताओं की भीड़ के कारण तर्रा-भिलाई-3 मार्ग पर यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमराने की आशंका है।

उपभोक्ताओं ने संबंधित अधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप कर गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने, वितरण व्यवस्था दुरुस्त करने और एजेंसी की कार्यप्रणाली की जांच कराने की मांग की है।अगर चाहें तो मैं इसका और ज्यादा तीखा “घेराव वाली हेडलाइन” संस्करण भी बना सकता हूं, जिसमें प्रशासन और गैस एजेंसी की जवाबदेही पर और सीधे सवाल उठाए जाएं।