पंडरिया।राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के अंतर्गत पुणे में स्थित देश के प्रतिष्ठित भारतीय विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान संस्थान में आयोजित तीन दिवसीय कार्यशाला 2 फरवरी से 4 फरवरी तक कबीरधाम जिले के नवाचारी शिक्षक विज्ञान के व्याख्याता ज्योति ध्रुव(सोमनापुर नया,पंडरिया), सावित्री निषाद (वीरेंद्र नगर, लोहारा)ललिता चंद्रा,(भिभौरी,लोहारा) स्वतंत्र श्रीवास्तव (सेजेस, कचहरी पारा कवर्धा)सत्यनारायण तिवारी(कुसुंघटा, बोड़ला) ने अपनी उत्कृष्ट सहभागिता दी।

दुर्ग संभाग के प्रतिनिधित्व करने वाले श्री राजेश सोनकर ने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप विज्ञान और गणित शिक्षा में सुधार लाना है। संस्थान के विशेषज्ञों श्री अशोक रुपनर एवं उनके टीम ने प्रयोगात्मक शिक्षा, आधुनिक तकनीकों का प्रयोग और कम लागत वाली सहायक शिक्षण सामग्री निर्माण पर जोर दिया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य स्कूलों में गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा और बच्चो में खोजी प्रवृत्ति विकसित करना है। प्रशिक्षण में शिक्षकों को सिखाया गया कि कैसे बच्चो को तर्कशक्ति, जिज्ञासा और कल्पना शीलता को बढ़ाकर अध्यापन को रूचिकर बनाया जा सकता है।
यह आयोजन scert समग्र शिक्षा रायपुर के कोऑर्डिनेटर श्रीमती मंजुलता साहू और IISER पुणे के कोऑर्डिनेटर श्री अशोक रुपनर, अंकिश तिरपुड़े और उनके टीम तत्वाधान में सम्पन्न हुआ।






