कोंडागांव। लोक शिक्षण संचालक द्वारा नाबालिग छात्रा से भवन निर्माण का कार्य कराने वाले शिक्षक विनोद शार्दुल को कलेक्टर की अनुशंसा पर निलंबित कर दिया है। मूलतः शासकीय हाईस्कूल पल्ली में व्याख्याता (एल.एबी.) तथा वर्तमान में प्राचार्य के प्रभार पर पदस्थ विनोद शार्दुल को निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में मुख्यालय, कार्यालय जिला शिक्षा अधिकारी, जिला कोण्डागांव निर्धारित किया गया है।
शिक्षक के कृत्य को बालक और कुमार श्रम (प्रतिशेध और विनियमन) अधिनियम, 1986 के धारा-3,। की उपधारा पप एवं छ.ग. सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 के विपरीत पाते हुुए कलेक्टर ने अनुशासनात्मक कार्यवाही किये जाने की अनुशंसा पर यह कार्यवाही की गई। इसके साथ ही विनोद कुमार शार्दुल के विरुद्ध इस मामले में एफआईआर भी दर्ज कराया गया है।छ.ग. सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम 9 के उपनियम (1) के अन्तर्गत निलंबन की कार्यवाही की गई।
उल्लेखनीय है कि शिक्षक द्वारा 07 जुलाई को कक्षा दसवीं में अध्ययनरत छात्रा कु. लखेश्वरी मानिकपुरी एवं कु. इस्ती नेताम को अपनी मोटरसायकल से ग्राम सितली से कोण्डागांव निर्माणधीन भवन में कार्य करने के लिए लाया गया। निर्माणधीन भवन के ऊपर से गिरने के कारण छात्रा कु. लखेश्वरी मानिकपुरी की मृत्यु हो गई। घटना की लिखित अथवा मौखिक सूचना अपने उच्च अधिकारियों को भी नहीं दी गई ।







