पाटन। पाटन विकासखंड के ग्राम झीट में कोटवारी सेवा भूमि के औद्योगिक उपयोग को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। बुधवार को आयोजित ग्राम सभा में ग्रामीणों ने इस मुद्दे पर चर्चा करते हुए संबंधित भूमि को मुक्त कराने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया।

ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम झीट की कोटवारी सेवा भूमि को लीज पर देकर उसका उपयोग औद्योगिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है। उक्त भूमि पर वर्तमान में विभिन्न सामग्रियों की पैकेजिंग के लिए कार्टून निर्माण का कार्य संचालित होने की जानकारी सामने आई है। ग्रामीणों का कहना है कि कोटवारी भूमि का उपयोग शासन द्वारा निर्धारित उद्देश्य के विपरीत किया जा रहा है।
ग्राम सभा में उपस्थित ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में पूर्व में भी तहसीलदार पाटन को शिकायत एवं आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है।
ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत शिकायत में आरोप लगाया गया है कि संबंधित भूमि पर अवैध रूप से फैक्ट्री भवन का निर्माण कर व्यावसायिक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। साथ ही कोटवार द्वारा शासन के नियमों एवं निर्देशों का उल्लंघन किए जाने की बात भी कही गई है।
ग्राम पंचायत के प्रतिनिधियों ने बताया कि ग्राम सभा में पारित प्रस्ताव के आधार पर संबंधित पक्ष को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। पंचायत का कहना है कि शासन के नियमों के अनुरूप कार्रवाई करते हुए भूमि को मूल उद्देश्य के लिए मुक्त कराने के प्रयास किए जाएंगे।
अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। उनका कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्च अधिकारियों से भी शिकायत करेंगे।





