अण्डा। विश्व जूनोसिस दिवस पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निकुम में जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को जूनोसिस (पशुओं से मनुष्यों में फैलने वाली बीमारियों) के प्रति जागरूक करना तथा बचाव और उपचार संबंधी आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराना था।

कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया कि रेबीज, ब्रुसेलोसिस, बर्ड फ्लू और अन्य कई संक्रामक रोग पशुओं से मनुष्यों में फैल सकते हैं। इन बीमारियों से बचाव के लिए पशुओं का समय-समय पर टीकाकरण, स्वच्छता का पालन, संक्रमित पशुओं से दूरी तथा किसी भी प्रकार के पशु के काटने या संपर्क में आने पर तत्काल चिकित्सकीय सलाह लेने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को जूनोसिस रोगों के लक्षण, बचाव के उपाय तथा समय पर उपचार के महत्व के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही आमजन से अपील की गई कि वे स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और किसी भी संदिग्ध लक्षण की स्थिति में तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।
कार्यक्रम में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निकुम के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी, मितानिन समन्वयक तथा मितानिन प्रेरक उपस्थित रहे। सभी ने जनस्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और लोगों तक स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण संदेश पहुंचाने का संकल्प लिया।






