पाटन। शासकीय चंदूलाल चंद्राकर स्नातकोत्तर महाविद्यालय पाटन की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई की सात दिवसीय विशेष शिविर प्राचार्य डॉ नंदा गुरवारा के मार्गदर्शन में ग्राम मटंग में आयोजित है। चतुर्थ दिवस के बौद्धिक परिचर्चा का सत्र विशेष रहा क्योंकि शिविरार्थियों के उत्साहवर्धन के लिए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ नंदा गुरवारा, नगर पंचायत पाटन व महाविद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष योगेश निक्की भाले शिविर में पहुँचे। विशिष्ट अतिथि के रूप में, सभापति एवं पार्षद केवल देवांगन, देवेन्द्र ठाकुर, चंद्रप्रकाश देवांगन, वरिष्ठ प्राध्यापक बीएम साहू, डॉ गौरव शर्मा उपस्थित थे। कार्यक्रम अधिकारी द्वारा शिविरार्थियों से निर्मित पुष्पगुच्छ भेंटकर अतिथियों का स्वागत और सम्मान किया गया। कार्यक्रम का संचालन कर रहे डॉ साधना राहटगांवकर ने शिविर गतिविधियों के बारे में जानकरी दिए। उद्बोधन की कड़ी में प्राचार्य डॉ नंदा गुरवारा ने सभी का स्वागत करते हुए छात्र छात्राओं के स्वास्थ्य का हाल चाल मंच से ही पूछकर शिविर की गतिविधियों श्रमदान, परियोजना कार्य, बौद्धिक परिचर्चा, सांस्कृतिक कार्यक्रम व जागरूकता रैली की सराहना करते हुए स्वस्थ रहने के लिए पोषण युक्त आहार के टिप्स दिया। मुख्य अतिथि योगेश भाले ने अपने जीवन की संघर्ष की कहानी से छात्र छात्राओं को अवगत कराया साथ ही कहा की विवेकानंद ने कहा है की संघर्ष जीतना कठिन होगा सफलता उतनी ही शानदार होगी। अध्यक्ष ने कहा की सफलता का कोई शार्टकट नहीं होता इसके लिए कड़ी मेहनत करनी पडती है राष्ट्रीय सेवा योजना अनुशासन सिखाता है और अनुशासित छात्र जल्दी सफल होते है। इस अवसर पर अध्यक्ष योगेश निक्की भाले व प्राचार्य डॉ नंदा गुरवारा के करकमलो से स्वयंसेवकों टी शर्ट व कैप और ग्लब्स वितरित किया। बौद्धिक परिचर्चा में वरिष्ठ प्राध्यापक बीएम साहू ने शिविर के सफल आयोजन के सुझाव दिए। डॉ गौरव शर्मा ने वाणिज्य के क्षेत्र में कैरियर सवांरने के उपाय सुझाये साथ ही वाणिज्य- व्यापार के विकास से पर्यवारण को हो रहे नुकसान से बचने के उपाय बताये। अतिथियों का आभार डॉ एस के भारती कार्यक्रम अधिकारी ने किया। स्वयंसेवक महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ नंदा गुरवारा व जनभागीदारी अध्यक्ष योगेश भाले को शिविर में अपने बीच पाकर प्रफुल्लित हो गए और शिविरार्थियों में उत्साह और उमंग का संचार हुआ। इससे पहले प्रथम सत्र में प्रभात फेरी और शारीरिक व्यायाम के पश्चात् परियोजना कार्य में श्रमदान करते हुए तालाब, सार्वजनिक मंच, नालियो की साफ सफाई करके ग्रामीणों को स्वच्छता के लिए जागरूक किया। रात्रि में सांस्कृतिक कार्यक्रम में स्वच्छता व नशा मुक्त समाज के लिए नुककड़ नाटक और नृत्य के माध्यम से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।







