दक्षिण पाटन के गई गांवों के ग्रामीण अवैध शराब बिक्री को लेकर हो रहे है परेशान
ग्राम पंचायत कुम्हली भी अवैध शराब बिक्री करने वाले का कला गोरख धंधा अच्छे से फ़लफूल रहा है ।
सूत्र बताते है कि गांव के ही कुछ लोगों के द्वारा अवैध शराब बिक्री करते है।सूत्रों से मिले जानकारी के अनुसार अवैध शराब बिक्री करने वाले मजदूरी करने जाते है वही से अवैध शराब खरीद कर लेते है और 40 से 50 रुपए अधिक दामों में बिक्री करते है।
अगर यही चलता रहा तो बच्चों का भविष्य खतरे में नजर आ रहा है।
अवैध शराब को ले कर सुशासन तिहार पर आवेदन दिया गया था और कहा गया था कि अवैध शराब बिक्री शासन प्रशासन अगर रोक लगाने में असमर्थ होता है तो ग्राम कुम्हली में शराब दुकान खोले।
लेकिन अभी तक कोई बड़ी कार्यवाही देखने को नहीं मिली है,खुले आम चौक चौराहों में शाम होते ही अवैध शराब बिक्री करने वाले के सहयोग से बच्चे,युवा,बुजुर्ग जाम छलका रहे है।
सूत्र यह भी बताते है कि आस पास के गांव में कुम्हली “मिनी शराब दुकान” के नाम से चर्चा में है क्यों कि यहां के प्राइवेट सेल्समैन अवैध शराब बेचने वाले 25 से 30 देशी पौवा शराब दिन का बेच देते है और मोटी रकम निकाल रहे है।
आखिर कर क्यों नहीं होती कार्यवाही
आभकारी विभाग व पुलिस विभाग की बड़ी कार्यवाही देखने को नहीं मिली है शाम होते ही चौक चौराहों का माहौल रंगीन हो जाता है अब देखने वाली बात है कि इस तरह से चल रहे रंगीन माहौल पर कब कार्यवाही होती है।
आखिरकार सुशासन में आवेदन देने के बाद भी खुले आम अवैध शराब बिक्री हो रही है बेचने वाले खुले आम सुशासन तिहार में लगे आवेदन को चुनौती दे रहे है।







