पाटन – विकास खंड स्तर पर शैक्षणिक गुणवत्ता को बेहतर करने शासकीय विद्यालयों को माडल विद्यालय के रूप में तैयार करने विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी प्रदीप महिलांगे ने विकास खण्ड के समस्त संकुल समन्वयको का बैठक लिया। बैठक में माननीय मंत्री जी के मंशानुरूप एवं विभागीय अधिकारियों के निर्देशानुसार एक माडल विद्यालय जहां दर्ज सभी विद्यार्थी हिंदी व अंग्रेजी को धाराप्रवाह समझ के साथ पढ़ व लिख सके, गणितीय संक्रियाओ को कक्षा अनुसार सहजता के साथ हल कर सके, विभिन्न प्रतियोगी परीक्षा के दृष्टि से तैयार हो सके प्राथमिकता में होगी। और इस उपलब्धि के संप्राप्ति हेतु एक निश्चित समय सीमा तय किया गया है। समय सीमा में यह उपलब्धि हासिल करने वाले विद्यालयों के मध्य संकुल स्तरीय फिर विकास खण्ड स्तरीय प्रतियोगिता होगी। उक्त प्रतियोगिता में खरा उतरने वाले विद्यालय व विद्यार्थियों को पुरस्कृत करने का निर्णय भी लिया गया है।
विकास खण्ड स्तरीय संकुल समन्वयक के बैठक में आकस्मिक निरीक्षण हेतु पाटन प्रवाह पर आए जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद मिश्रा ने सीएसी को निर्देशित करते हुए कहा कि बच्चों को उनके स्तरानुसार सहज व व्यापक शैक्षणिक संवर्धन मिलना चाहिए। शिक्षक अपने शिक्षकीय दायित्व को बखूबी निभाय और बच्चों के सर्वांगीण विकास में अपना विशेष योगदान दे, पाठ्य-पुस्तक, गणवेश का वितरण और उच्च कार्यालय से अपेक्षित जानकारी को तत्काल संज्ञान में लेते हुए कार्य करने निर्देशित किया।
बीईओ ने विभिन्न आनलाइन शासकीय जानकारियों का निष्पादन समय के भीतर पूर्ण करने की बात कहते हुए कक्षागत कार्य, समय सारणी व विद्यार्थी विकास सूचकांक का कक्षावार प्रदर्शन, कक्षा 1 व 2 में बारह खड़ी व गिनती का लेखन, मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता एवं जहां भोजन किया जाता है वह स्थल व आसपास के स्थल साफ-सुथरा हो के साथ विद्यालय सुरक्षा आडिट के विभिन्न बिंदुओं का परिपालन अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने निर्देशित किया।
बैठक में आकस्मिक निरीक्षण हेतु जिला शिक्षा अधिकारी के साथ उपस्थित सहायक संचालक गौरव शुक्ला , संजय वर्मा, समृद्धि जोशी के साथ बीआरसी एवं विकास के समस्त संकुल समन्वयक उपस्थिति थे।







