पाटन। रानीतराई थाना क्षेत्र के ग्राम ओदरागहन में 35 वर्षीय युवक पोखल लाल साहू की फांसी लगाने से मौत के बाद मामला गंभीर हो गया है। मृतक के परिजनों ने पुलिस पर मारपीट का आरोप लगाया है। परिजनों का कहना है कि थाने से लौटने के बाद युवक ने आत्महत्या कर ली। अंतिम संस्कार के दौरान उसकी पीठ और शरीर पर चोट के निशान दिखाई देने का भी परिजनों ने दावा किया है।

जानकारी के अनुसार घटना से कुछ दिन पहले पोखल लाल साहू का अपनी पत्नी से विवाद हुआ था। पत्नी की शिकायत पर डायल-112 की टीम उसे घर से रानीतराई थाना लेकर गई थी। परिजनों के मुताबिक पुलिस ने युवक के साथ मारपीट की। आरोप है कि थाना ले जाने से पहले गांव में भी ग्रामीणों के सामने पुलिस द्वारा युवक से मारपीट की गई थी।

मृतक के जीजा श्रीराम साहू ने भी पुलिस पर ज्यादती का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पोखल लाल को शराब पीने की आदत थी और इसे लेकर परिवार के लोग परेशान रहते थे। 6 सितंबर को उसकी पत्नी कोतवाली और अपने ससुर के साथ थाने पहुंची थी। पुलिस के अनुसार उस समय युवक के हाथ में हंसिया था और वह पत्नी पर हमला करने के लिए उतारू था। पुलिस जवानों ने उसे थाने लाकर समझाया और बाद में छोड़ दिया था।

ग्रामीणों को पहले ही बताई थी आपबीती
बताया जा रहा है कि थाने से लौटने के अगले दिन पोखल लाल ने गांव के कुछ लोगों के सामने पुलिस द्वारा की गई कथित मारपीट की बात बताई थी। ग्रामीणों के अनुसार उसने घटना से काफी क्षुब्ध होने और आत्महत्या करने की बात भी कही थी। इसके बाद बुधवार को उसने गांव में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
घटना की सूचना मिलने पर रानीतराई पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पंचनामा कार्रवाई के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। अंतिम संस्कार के दौरान परिजनों ने उसकी पीठ पर चोट के निशान होने का दावा किया, जिसके बाद पुलिस पर लगाए गए आरोपों को लेकर मामला और गंभीर हो गया।
पिता ने सौंपा आवेदन, जांच की मांग
मृतक के पिता ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए पुलिस अधिकारियों को आवेदन दिया है। परिजनों का कहना है कि यदि पुलिस की मारपीट से युवक मानसिक रूप से परेशान था तो इसकी भी जांच होनी चाहिए।
एसडीओपी बोले—मैं स्वयं करूंगा जांच
एसडीओपी पाटन प्रांशु तिवारी ने कहा कि प्रारंभिक तौर पर मृतक के शरीर पर मारपीट के कोई स्पष्ट निशान दिखाई नहीं दे रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी। उन्होंने कहा कि परिवार की ओर से पुलिस जवानों पर मारपीट का आरोप लगाया गया है। मामले की जांच वे स्वयं करेंगे। यदि जांच में पुलिस की मारपीट अथवा किसी अन्य वजह से आत्महत्या किए जाने की बात सामने आती है, तो दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






