चारामा विकासखण्ड के ग्राम इन दिनों बिजली कटौती और लो वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे ग्रामीण

अनूप वर्मा
चारामा ।प्रतिदिन घंटो तक बिजली कटौती और लो वोल्टेज ने इस गर्मी में आम आदमी को और खेती किसानी के काम में समस्याएँ खड़ी करना शुरू कर दी है। गाँव में घंटो किजली नही आने से खेत में लगे बोर बंद पड़ जाते है। और जब बिजली आती भी है वो वोल्टेज नहीं होने के कारण बोर मोटर पम्प चाल तक नहीं हो पा रहे है। ऐसे में इस भीषण गर्मी में खेतों में लगी रबी की फसल पानी नही मिलने के कारण सुखने लगी है। वही घरो मे रह रहे लोग मी वोल्टेज की समस्या या के चलते गर्मी और उमस परेशान हो रहे है।

लो वोल्टेज से और बिजली कटौती की समस्या पर जानकारी लेने पर बिजली विभाग के ए ई एस के साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्तमान में गर्मी शुरू होते ही विधुरा की खपत बढ़ गई है। जिसके चलते लोड सेडिग हो रही है। चारामा शहर को गुरूर विधुत स्टेशन से सप्लाई की जा रही है। जगकि चारामा के सभी ग्रामीण क्षेत्रो मे 132 के व्ही पॉवर ट्रांसमिशन स्टेशन जबस्तरा से विद्युत सप्लाई हो रही है। लेकिन विधुत की अपथ अधिक होने के चलते लोड सेडिंग हो रही है। जिसके चलते विधुत को बंद किया जा रहा है। तो कही कही पर लो वोल्टेज की समस्या आ रही है ।और यह समस्या सिर्फ चारामा की नही जिले के अन्य ब्लॉक और शायद पुरे छग में भी इसी तरह की समस्या हो। खेती के लिए उपयोग में लाये जाने वाले मोटर पम्प के अधिक उपयोग से अपत ज्यादा बढ़ रही है। पुरे चारामा विकासखण्ड में लगभग 04 एम्पीयर विद्युत खपत कम करने की आवश्यक्ता है। इसी के चलते सभी ग्रामों में कुछ कुछ समय पर निर्धारित समय अनुसार विधुत कटौती की जा रही है और जब तक जवस्तरा की तरह विकास खण्ड में अन्य किसी ग्राम में 132 केव्ही का ट्रांसमिशन स्टेशन नहीं लगेगा तब तक गर्मी के दिनों में ऐसी समस्या आयेगी। या तो घरेलु और कृषि की विधुत के लिए अलग अलग दासफार्मर लगने की स्थिति में कटौती और लो वोल्टेज की समस्या से राहत मिल सकेगी। फिलहार आम जन और किसान को ही विधूत खच्त की कमी पर पहल और सहयोग करने की आवश्यकता है।

वही लगातार बढ़ते बिजली के खपत को कम करने के लिए सौर उर्जी के उपयोग को बढ़ावा देने की भी आवश्यक्ता है। जिससे कि बिजली पर लोड कम होगा।

अब बिजली की काती खपत और इस समस्या से निजात पाने के लिए आम जन और किसान को शासन प्रशासन से नये उपायों और नये स्टेशन के निर्माण की माँग करनी होगी. तभी आने वाले सालों में ऐसी समस्याओं से कुछ आने वाले सानो कम मिलादेनी ही सोर उपज को अधिक से अधिक घरों तक पहुंचाने की आवश्यक्ता है लेकिन इस वर्ष किसानों को स्वय कम मोटर पम्प अनुसार ही मोटर पम्प का और जरूरत बन्नु उपयोग कर फसल बचानी होगी। फोटो